मनमोहन को समझाएगीं सोनिया, डीज़ल की कीमतें घटाने का फैसला जल्द
March 2, 2010, 9:10 PM
हिंदी ख़बर
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नई दिल्ली। पेट्रोल और डीजल के दाम पर वित्त मंत्री प्रणव मुखर्जी बुधवार को कांग्रेस के सांसदों को विश्वास में लेंगे। बुधवार को कांग्रेस संसदीय दल की बैठक है। इसमें पेट्रोल-डीजल के सवाल पर सोनिया के कुछ कहने की भी संभावना व्यक्त की जा रही है। तेल के दाम में फेरबदल पर सोनिया को पहले भी अहम भूमिका में देखा गया है।
कांग्रेस के कोर ग्रुप की मंगलवार शाम बैठक में तेल के दाम बढ़ाए जाने और इसके राजनीतिक परिणामों पर चर्चा हुई। फिलहाल कोई फैसला नहीं लिया गया है। लेकिन सूत्रों ने बताया कि सभी विकल्पों को खुला रखने पर सहमति हुई है और डीजल पर कुछ रियायत दी जा सकती है। हालांकि प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह ने अपनी विदेश यात्रा से लौटते हुए बढ़ी हुई कीमतें वापस लेने से साफ इनकार कर दिया था। लेकिन सूत्रों का कहना है कि कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी जल्दबाजी में फैसला लेने के पक्ष में नहीं हैं और वो प्रधानमंत्री को समझाने के मूड में हैं।
इस बीच, डीएमके और टीएमसी ने अपने तेवर नरम कर लिए हैं। इससे सरकार राहत महसूस कर रही है। दो दिन पहले तेल के दाम बढ़ाने का जोरदार विरोध कर रहे दोनों दलों ने साफ कर दिया है कि सरकार पर कोई खतरा नहीं है। पश्चिम बंगाल में अगले साल होने वाले विधानसभा चुनाव को देखते हुए टीएमसी चीफ और रेल मंत्री ममता बनर्जी फूंक-फूंक कर कदम रख रही हैं।
उन्होंने साफ कहा है कि हम यूपीए में हैं और इसके साथ बने रहेंगे। तेल के बढ़े दाम वापस लेने की अपनी मांग को जायज ठहराते हुए उन्होंने कहा कि प्रजातंत्र में हर पार्टी को अपनी आवाज उठाने का हक है। डीएमके प्रमुख करुणानिधि की सांसद बेटी कनिमोझी ने भी इसी तर्ज पर कहा है कि गठबंधन सरकार को कोई खतरा नहीं है।
तेल के दामों के मुद्दे को पीछे धकेलने के लिए यूपीए सरकार महिला बिल संसद में पेश कर सकती है। सूत्रों का कहना है कि कोर ग्रुप की बैठक में महिला आरक्षण बिलपास करवाने पर भी चर्चा हुई। बीजेपी और लेफ्ट बिल के समर्थन में हैं। जबकि तेल पर इनके साथ खड़े एसपी, आरजेडी और जेडीयू बिल को मौजूदा रूप में पेश नहीं होने देने पर अड़े हुए हैं।
वैसे, चार दिन के लंबे अवकाश के बाद संसद जब बुधवार को शुरू होगी तो तेल के मुद्दे पर भारी हंगामे के आसार नजर हैं। लालू प्रसाद यादव और मुलायम सिंह यादव ने कहा है कि पेट्रोल- डीजल के बढ़े हुए दाम वापस नहीं लिए जाने तक संसद नहीं चलने दी जाएगी, विपक्ष और हम साथ हैं। |