नोटबंदी के बाद रद्दी में बदल गए 2,203 करोड़ नोट

Edited by: Editor Updated: 27 Nov 2016 | 02:27 PM
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नई दिल्ली। मोदी सरकार द्वारा नोटबंदी लागू हुए 19 दिन हो गए हैं। नोटबंदी के बाद से अब तक केवल 1.5 लाख करोड़ रुपए के नए नोट प्रचलन में आए हैं। 1.5 लाख करोड़ रुपए की नई करेंसी के अलावा 2.2 लाख करोड़ रुपए की करेंसी पहले से चलन में है।

'क्रेडिट सुइस रिसर्च रिपोर्ट' के माध्यम से सामने आया है कि नोटबंदी होने के बाद 14.18 लाख करोड़ रुपए अब चलन में नहीं हैं। 500 और 1000 रुपए के 2,203 करोड़ नोट अब कागज के टुकड़े के समान हैं। 1.5 लाख करोड़ रुपए की नई करेंसी में बड़ी संख्या में 2000 के नोट हैं, जो कि अभी लेन-देन के लिए आदर्श नहीं हैं।

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स्थिति सामान्य करने के लिए 500 के 1000-2000 करोड़ नोट जल्दी से लाने होंगे। नई मुद्रा की मांग को पूरा करने के लिए, उद्योग के अनुमानों से संकेत मिलता है कि भारतीय रिजर्व बैंक पहले ही 150 करोड़ प्रिंट करने के लिए सक्षम हो गया है।

बैंकों ने शाखाओं और एटीएम के माध्यम से 10 से 18 नवंबर के बीच 1.03 लाख करोड़ रुपए लोगों तक पहुंचा दिए हैं। 14.18 लाख करोड़ रुपए की पुरानी करेंसी में से 6 लाख करोड़ रुपए बैकों में जमा हो गए हैं।

रिपोर्ट के मुताबिक एक हफ्ते के आंकड़ों पर कहा है कि आरबीआई एक दिन में 500 रुपए के लगभग 4 से 5 करोड़ नोट छाप रहा है।