पनामागेट मामला: कोर्ट ने नवाज के खिलाफ जांच के लिए बनाई JIT

Edited by: Web_team Updated: 20 Apr 2017 | 09:54 AM
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इस्लामाबाद। पनामागेट मामले में पाकिस्तान के प्रधानमंत्री नवाज शरीफ सहित उनके परिवार पर लगे आरोपों पर पाकिस्तान की सर्वोच्च अदालत गुरुवार को फैसला सुनाएगी। इस फैसले का असर राजनीतिक भविष्य पर पड़ेगा, जिस वजह से दुनियाभर की निगाहें इस पर टिकी हुई है। ख़बर के अनुसार, इस मामले में सुप्रीम कोर्ट के जज आसिफ सईद खोसा के नेतृत्व में बनी पांच सदस्य खंडपीठ अपना फैसला गुरुवार दोपहर दो बजे सुनाएगी।

इस सर्वोच्च अदालत ने 23 फरवरी को पनामागेट मामले में अपना फैसला सुरक्षित रख लिया था। कोर्ट का कहना था कि इस पर वह विस्तृत फैसला 20 अप्रैल को सुनाएगा। बता दें कि यह मुकदमा 1990 के दशक में शरीफ द्वारा धन शोधन कर लंदन में संपत्ति खरीदने का है। उस दौरान शरीफ दो बार देश के प्रधानमंत्री रहे थे। पीएम शरीफ हमेशा इन आरोपों को से खुद को बचाते रहे हैं।

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ख़बर के अनुसार, पाकिस्तान तहरीक ए इंसाफ के प्रमुख इमरान खान, जमात ए इस्ला मी के प्रमुख सिराजुल हक और आवामी मुस्लिम लीग के प्रमुख शेख राशिद अहमद ने सुप्रीम कोर्ट में एक याचिका दायर कर अपील की है कि पनामागेट कांड में आरोपी पाकिस्तान के प्रधानमंत्री नवाज शरीफ को अयोग्य करार दिया जाए।

नवाज शरीफ पर कोर्ट के फैसले से पूर्व बुधवार को इमरान खान ने पार्टी की एक आपात बैठक भी बुलाई है। इसमें कल और कल के बाद होने वाली राजनीतिक गतिविधियों के बारे में चर्चा की जाएगी। इस बैठक में सभी वरिष्ठ नेताओं को शामिल होने के लिए कहा गया है।

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अखबार की ख़बर के अनुसार, इस मामले में नवाज शरीफ ने कोर्ट से एक न्यायिक आयोग बनाने की मांग की थी। इसके अलावा उन्हों‍ने कोर्ट के समक्ष अपनी तीन पीढ़ियों के खातों का ब्यौरा भी सौंपा गया है। उन्होंने नेशनल असेंबली और कोर्ट में अपने ऊपर लगे सभी आरोपों को बेबुनियाद बताया है।