SBI ने की डिजिटल भुगतान से जुड़े तमाम शुल्कों में भारी कटौती

Edited by: Ankur_maurya Updated: 15 Jul 2017 | 06:59 PM
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नई दिल्ली। नोटबंदी के बाद डिजिटल भुगतान मे हुई बढ़ोतरी से जनता त्रस्त थी, लेकिन उसमें अब ब्रेक लगता दिख रहा है। शायद यही एक वजह है कि देश के दिग्गज बैंक SBI ने डिजिटल भुगतान से जुड़े तमाम शुल्कों में भारी कटौती करने का एलान किया है।

SBI ने 15 जुलाई से, NEFT और RTGS के जरिये होने वाले लेनदेन शुल्क में 75 फीसद तक की कमी की है। वहीं एक हजार रुपए तक के डिजिटल लेनदेन को पूरी तरह से शुल्क मुक्त कर दिया गया है। डिजिटल भुगतान को बढ़ावा देने के लिए भारतीय स्टेट बैंक की तरफ से की गई सबसे बड़ी पहल से छोटी खरीदारी करने का रास्ता खुल जाएगा।

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एसबीआइ ने 10,000 रुपए से एक लाख रुपए तक के इंटरनेट व मोबाइल बैंकिंग ट्रांजैक्शन पर शुल्क को चार रुपये से घटाकर दो रुपए कर दिया है। जबकि पांच लाख रुपए से ज्यादा के लेनदेन पर 40 रुपए से घटाकर 10 रुपए कर दिया है। वैसे शुल्क मुक्त लेनदेन को छोड़कर अन्य सभी भुगतानों पर 18 फीसद जीएसटी लगेगा।

SBI के एमडी रजनीश कुमार ने कहा कि यह कदम इंटरनेट व मोबाइल बैंकिंग को तेजी से बढ़ावा देगा। अकेले भारतीय स्टेट बैंक के पास 3.27 करोड़ इंटरनेट बैंकिंग और करीब दो करोड़ मोबाइल बैंकिंग वाले ग्राहक हैं।

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एसबीआइ की एक रिपोर्ट के मुताबिक डेबिट और क्रेडिट कार्ड के जरिये होने वाले भुगतान की राशि 70,000 करोड़ रुपए हो चुकी है। नोटबंदी लागू होने के बाद इसमें जितनी वृद्धि हुई है, उसे सामान्य रूप से हासिल करने में तीन साल लग जाते।